कुछ बात है दिल में जो होठों तक नहीं आती
खामोश दिल की धड़कन हल पल तुझे है बुलाती
तू न हो साथ तो हर पल इक बेचैनी है मुझे सताती
अब आ भी जा पास तू मेरे ये दूरी मेरी जान है ले जाती |||
वो जो आसमान में तारे टिमटिमा रहे हैं बहुत दूर हैं शायद , सारे टिमटिमा रहे हैं ॥ कल तक जो दिखते ना थे अंदर से वो जुगनू आज सारे जगमगा रहे हैं ...
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