बुधवार, 10 अक्टूबर 2012

ek shayar ka dard....:)....:(

मैंने एक शेर कहा तो आलम कुछ यूँ हुए 
कुछ आँखें नाम हुईं कुछ हँसते ही रह गए 
मैं तो शेर सुना के अकेला खड़ा रहा 
सभी अपने-अपने चाहने वालों में खो गए||...♥

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